हड़ताल के आगे झुकीं CM ममता बनर्जी, डॉक्टरों की सभी मांगें मानी

0
22

नई दिल्ली 
पश्चिम बंगाल के डॉक्टरों की हड़ताल का असर देशभर में दिखाई दे रहा है. सिर्फ पश्चिम बंगाल ही नहीं दिल्ली के एम्स समेत 18 बड़े अस्पतालों के डॉक्टर भी हड़ताल पर हैं. पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की अपील के बाद भी डॉक्टरों की हड़ताल का समाधान नहीं निकला और हड़ताली डॉक्टर अपने रूख पर अड़े हुए हैं. बंगाल में लगातार पांचवें दिन भी डॉक्टरों की हड़ताल जारी है. मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने डॉक्टरों को चिट्ठी लिखकर हड़ताल खत्म करने की अपील की तो जवाब में डॉक्टरों ने अपनी मांगों की नई लिस्ट जारी की है. वहीं बंगाल के डॉक्टरों के समर्थन में दिल्ली के डॉक्टरों की हड़ताल से मरीज बेहाल हैं, हड़ताली डॉक्टरों ने 48 घंटे का अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर उनकी मागों को नहीं माना गया तो कल यानी रविवार को 14 अस्पतालों में ओपीडी और रुटीन सर्जरी भी बंद होगी.
ममता की डॉक्टरों से हड़ताल खत्म करने की अपील
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने हड़ताली डॉक्टरों से काम पर लौटने की अपील की. उन्होंने कहा है कि हजारों लोग चिकित्सा उपचार की प्रतीक्षा कर रहे हैं.
डॉक्टरों के साथ मारपीट दुर्भाग्यपूर्ण: ममता
डॉक्टरों की हड़ताल के बाद पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी प्रेस कॉन्फ्रेंस कर रही हैं. जिसमें सीएम ममता बनर्जी ने डॉक्टरों के साथ हुई मारपीट की घटना को दुर्भाग्यपूर्ण बताया है.राज्य सरकार जल्द से जल्द सामान्य चिकित्सा सेवाएं फिर से शुरू करने के लिए प्रतिबद्ध है.हमने लगातार एक समाधान तक पहुंचने की कोशिश की थी.

'ना किसी को अरेस्ट किया, ना कोई कार्रवाई करेंगे'
ममता ने कहा, 'हमने डॉक्टरों की सभी मांगें मान ली हैं। मैंने कल और आज अपने मंत्रियों, चीफ सेक्रटरी को डॉक्टरों से मिलने के लिए भेजा था, उन्होंने डॉक्टरों के प्रतिनिधिमंडल से मिलने के लिए 5 घंटे तक इंतजार किया, लेकिन वे नहीं आए। आपको संवैधानिक संस्था को सम्मान देना होगा। हमने एक भी व्यक्ति को गिरफ्तार नहीं किया। हम किसी तरह का बल प्रयोग नहीं करेंगे। स्वास्थ्य सेवाएं इस तरह जारी नहीं रह सकतीं। मैं कोई कड़ी कार्रवाई नहीं करने जा रही हूं।'